Posts

मजमा फिर हिट....  आइए भाइयों-बहनों,  आपका जाना-पहचाना मदारी अपने जमूरे के साथ आ गया। मजमा मेरा पसंद आए तो बजाना ताली,    नहीं आए पसंद तो देना गाली।   पर बात पते की बताता हूं, मजमा मेरा ऐसा, नामुमकिन को कर दे मुमकिन।   बोलो कैसे! सुनो भाई एेसे,  कपड़े से बना ये सांप का पुतला नेवले को चबा जाएगा। और तो और मेरे जमूरे के कहते ही, हर तमाशबीन की जेब नोटों से भर जाएगी। बताना जमूरे,   वो सामने खड़ा तमाशबीन गंजा क्यों है? बता दूँ उस्ताद,   यह हमारे मजमे से दूर था।  अब इसके सिर पर बाल उगेंगे, और वो बोड़ा भाई पीछे खड़ा,  उसके नए मोती जैसे चमकते दांत निकलेंगे। वो कैसे जमूरे बताओ सबको,      उस्ताद आप हैं तो नामुमकिन भी मुमकिन है।   अब बताओ, मजमे में  कौन अपनी खाली जेब  नोट से भरना चाहता है। गंजे सिर पर बाल उगाना चाहता है,    दांत मोती जैसे चमकाना चाहता है। ...
Image
मित्रों, यह है पत्रकारिता ! पहले नीरव मोदी को ढूँढ निकाला और अब मोदी की प्रेस कांफ्रेंस का स्पेस खाली छोड़कर लिखा, जब बोलेंगे तब लिखेंगे।
Image
See & Thought.
Image
वाह मोदी जी, मुद्दों को पीठ दिखाकर इस दुनिया में नहीं राजीव गांधी से लड़ रहे हो!
Image
युग बदल रहा है, पत्रकारिता को नई चुनौती पटकथा और फिल्मी कलाकारों से मिलनी शुरू हो गई है। #Election2019
Image
 ये सांड़ योगी जी को तो दरख्वास्त देने पहुँचे थे, पर गठबंधन की रैली में तो मारने पर अामादा हैं। #Election2019

गुरु तेगबहादुर

Image
गुरु तेगबहादुर का शहीदी दिवस: शत-शत नमन।
Image
लालकृष्ण आडवाणी जी, मुरली मनोहर जोशी ही नहीं आदर्श और सिद्धांतों की मिसाल करिया मुंडा को भी टिकट नहीं मिला है, इसे क्या कहेंगे दोस्तों ! #Election2019
Image
आप क्या सोचते हैं मित्रों ! #Election2019

भाजपा का बड़ा घोटाला

Image
मैं तो रवीश जी की बात से पूरी तरह सहमत हूं और संविधानिक संस्थाओं से खुली और निष्पक्ष जांच की मांग करता हूं  और आप ?         ...........................    भाजपा के देश भर में बने 600 से ज्यादा भव्य आफिसों पर मीडिया मौन क्यों है : रवीश कुमार Posted on  March 30, 2019  by  रवीश कुमार भारतीय जनता पार्टी की खासियत है कि वह कांग्रेस को तो भ्रष्ट बताती है पर अपनी ईमानदारी नहीं बताती। ऐसा कोई दावा नहीं करती। 2014 और इससे पहले कुछ किया भी हो, अब करने लायक भी नहीं है। दूसरी ओर, नोटबंदी के समय खबर छपी थी कि अलग-अलग शहरों में पार्टी ने जमीन खरीदी है – ज्यादातर मामलों में नकद देकर। उस खबर का कोई फॉलोअप नहीं हुआ और पार्टी ने कोई सफाई भी नहीं दी। गोदी मीडिया में चूंकि भाजपा के विरोधियों के भ्रष्ट होने के आरोप ही छपते हैं इसलिए भाजपा से ना कोई सवाल करता है, ना भाजपा मौका देती है और ना ही पूछे जाने पर जवाब देती है। आरटीआई कानून लाने वाली पार्टी को भाजपा ने भ्रष्ट घोषित कर रखा है और मीडिया की दुम मरोड़े बैठी पार्टी ने खुद की छवि ईमान...
Image
 भाजपा अपने चुनावी अभियान में सरकारी तंत्र का दुरुपयोग कर आचार संहिता की खुली धज्जियां उड़ा रही है और चुनाव आयोग मूक दर्शक बना है। #Election2019
Image
प्रधान चौकीदार को घमंड है कि वह दुनिया घूम चुका, बेचारा चौकीदार दो वक्त की रोटी के फिक्र में सूखा जा रहा है। #Election2019
Image
बढ़ती बेरोजगारी में कांग्रेस की "न्याय" योजना बड़ी राहत दे सकती है।
Image
मैं ऐसा चौकीदार कतई नहीं बनना चाहता हूं। #Election2019

JOURNALISM : गुलामी की ओर पत्रकारिता

Image
------------------------------ मुबाहिसा : आर.के. मौर्य ------------------------------ मीडिया घरानों की करोड़ों-करोड़ों की डील हो चुकी है। निष्पक्षता बिक चुकी है। पत्रकारिता गुलाम हो चुकी है। देख, सुन, पढ़कर यकीन मत करना। खुद तोल-मोलकर ही सच तय करना। इस व्यावसायिक युग में लोकतंत्र को भी बाजारीकरण का घुन लग गया है। "जो दिखता है, वो बिकता है" की मार्केटिंग रणनीति पर लोकतंत्र को पूंजीपतियों द्वारा कब्जा कर देश की सत्ता को हथियाने का काम किया जा रहा है। अब नहीं समझे तो फिर "ईस्ट इंडिया कंपनी" की तरह ही देश की सत्ता कुछ पूंजीपतियों के कब्जे में जाने से कोई नहीं रोक पाएगा। कंपनियों का काम जनसेवा नहीं मुनाफा कमाने के लिए जनता का खुला शोषण करना होता है। इसका प्रभाव देश में दिखने लगा है। जागो मतदाता जागो! जात-पात को मिटाओ, नफरत को ठिकाने लगाओ। लोकतंत्र को जिताओ, पूंजीपतियों को हराओ। मतदान जरूर करें! #Election2019 साभार: आर. के.मौर्य, वरिष्ठ पत्रकार
Image
आप क्या सोचते हैं ?

पत्रकार प्रशांत की शादी

Image
कानपुर : दूल्हा बने पत्रकार प्रशांत के साथ।

गैरजिम्मेदार मीडिया

Image
मुंबई में आतंकी हमले 26/11 में जो गलती हमारी मीडिया ने की थी, उसी की पुनरावृत्ति आज पाकिस्तान में घुसकर की गई सफल एयर स्ट्राइक-26/2 की कवरेज के नाम पर एयरफोर्स की रणनीतिक सूचनाओं को सूत्रों का हवाला देकर प्रसारित किया जा रहा है जो हमारे लिए नुकसानदायक और दुश्मनों के लिए लाभकारी हो सकता है। आखिर कब हमारे मीडिया के साथी जिम्मेदार और परिपक्व पत्रकार होने का परिचय दे पाएंगे। हमें समझना होगा, राष्ट्र के आगे सब गौण है।
हर एक की अब तो आवाज निकलनी चाहिए। बात नहीं अब तो पाक पर बमों की बारिश होनी चाहिए। जुमलों के भाषण बंद करो। रोक दो जलसे और जश्न मनाने। अब पहले पाकिस्तान का हिसाब साफ हो जाना चाहिए।।
Image
कानपुर: पुलवामा हमले में शहीदों को श्रद्धांजलि रक्तदान महादान।